शांडिल्य गोत्र के भेद!!!

:-शांडिल्य गोत्र के भेद:-

पिछले लेख में हम लोग ने गोत्र और उनकी शाखा,सूत्र,आस्पद आदि के विषय में जाना।आज हम शांडिल्य गोत्र के भेद के विषय में जानेंगे।

इनके दो भेद हैं- 1-श्रीमुख शांडिल्य 2-गर्धमुख शांडिल्य

श्रीमुख शांडिल्य वाले और गर्धमुख वाले दोनों तीन प्रवर के होते हैं।

श्रीमुख के तीन प्रवर शांडिल्य,असित और कश्यप होते हैं।यह गोत्र अधिकांश त्रिपाठी लोगों का है।साथ हीं कुछ मिश्रवंश भी मिलते हैं।

गर्धमुख के तीन प्रवर शांडिल्य,असित और देवल होते हैं।इनका आदि स्थान नदौली कहा जाता है।इस गोत्र में कीलपुर के दीक्षित लोग भी आते हैं।